हलधर किसान बालाघाट। मध्यप्रदेश शासन के पशुपालन एवं डेयरी विभाग द्वारा प्रदेशभर में चलाए जा रहे “दुग्ध समृद्धि संपर्क अभियान” के तहत पशुपालकों से घर-घर जाकर संपर्क किया जा रहा है। इस अभियान का उद्देश्य पशुपालकों की आय में वृद्धि करना एवं दुग्ध उत्पादन को बढ़ावा देना है।
बालाघाट जिले में यह अभियान कलेक्टर श्री मृणाल मीना के मार्गदर्शन एवं उपसंचालक, पशु चिकित्सा सेवाएं डॉ. एन.डी. पुरी के नेतृत्व में प्रभावी रूप से संचालित हो रहा है। अभियान के प्रथम चरण में जिले के लगभग 900 ग्रामों के 4 हजार पशुपालकों से विभागीय अमला एवं मैत्री कार्यकर्ता संपर्क कर रहे हैं।
संपर्क के दौरान पशुपालकों को सरकार की विभिन्न योजनाओं — डॉ. भीमराव अंबेडकर कामधेनु योजना, आचार्य विद्यासागर योजना, डेयरी प्लस योजना तथा मुख्यमंत्री दुधारू गाय प्रदाय योजना की जानकारी दी जा रही है, ताकि वे इन योजनाओं का लाभ लेकर अपनी आमदनी बढ़ा सकें।
अभियान में पशुओं की नस्ल सुधार हेतु उच्च अनुवांशिक गुणों वाले सीमेन और सेक्सेड सॉर्टेड सीमेन द्वारा कृत्रिम गर्भाधान की जानकारी दी जा रही है। साथ ही पशु पोषण पर विशेष बल देते हुए संतुलित आहार, मिनरल मिक्सचर, नमक तथा स्थानीय चारा सामग्री से तैयार कम्प्लीट फीड के उपयोग के लिए प्रेरित किया जा रहा है।
पशुपालकों को दूध उत्पादन के अनुरूप आहार प्रबंधन, हरे चारे, साइलैज निर्माण, भूसा का यूरिया उपचार जैसे विषयों की जानकारी दी जा रही है। इसके साथ ही टीकाकरण, परजीवी नियंत्रण एवं रोगों से बचाव के महत्व पर भी विशेष जोर दिया जा रहा है।
अभियान का प्रमुख उद्देश्य कम लागत में अधिक उत्पादन के माध्यम से पशुपालकों की आय दोगुनी करना है। यह अभियान न केवल पशुपालकों को आर्थिक रूप से सशक्त बनाएगा, बल्कि ग्रामीण अर्थव्यवस्था को आत्मनिर्भर बनाने में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा।
🟢 “दुग्ध समृद्धि संपर्क अभियान — ग्रामीण समृद्धि की ओर एक सशक्त कदम।”
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