कृषि आदान विक्रेताओं को दीपावली का तोहफा, अब प्रिंसिपल सर्टिफिकेट जोडऩे की नही लगेगी फीस

Krashi aadan vikreta sangh indore 01

कृषि आदान विक्रेता संघ के प्रयासों से शासन ने जारी किए आदेश

कृषि आदान विक्रेता संघ के प्रयासों से कृषि आदान विक्रेताओं को दीपावली पर शासन स्तर पर बड़ा तोहफा मिला है। लंबे समय से मप्र में प्रिंसिपल सर्टिफिकेट जारी करने के नाम पर 7500 रुपए की बड़ी रकम चुका रहे व्यापारियों को इस नियम में राहत मिली है। जागरुक कृषि आदान विक्रेता संघ जिलाध्यक्ष श्रीकृष्णा दुबे इंदौर ने बताया कि कृषि आदान विक्रेता संघ राष्ट्रीय अध्यक्ष मनमोहन कलंत्री के नेतृत्व में व्यापारियों की शिकायत के बाद संगठन लंबे समय से केंद्र और प्रदेश सरकार से इस बेवजह हो रही शुल्क उगाही के खिलाफ विरोध दर्ज करा रहा था, अंतत: संगठन के प्रयासो को जीत मिली है। अब यह राशि नही चुकानी होगी।
प्रदेश संगठन के बार.बार प्रयास करने के बाद यह स्पष्ट निर्देश जारी किए गए है कि कीटनाशक नियम 1968 एवं नियम 1971 में प्रिंसिपल सर्टिफिकेट जोडऩे की कोई फीस नहीं ली जा सकती है।
राष्ट्रीय अध्यक्ष कलंत्री ने बताया संगठन द्वारा कई बार बताया जा चुका है कि कीटनाशक अधिनियम 1968 एवं नियम 1971 के तहत धारा 10 (4) के तहत प्रिंसिपल सर्टिफिकेट जोडऩे की कोई भी फीस लेने प्रावधान नहीं है, इसके बाद भी प्रदेश के कई जिलों में 500 प्रति प्रिंसिपल सर्टिफिकेट या 500 प्रति कीटनाशक एवं अधिकतम 7500 या 100 ली जाती थी।
प्रदेश अध्यक्ष मानसिंह राजपुत ने बताया प्रदेश संगठन द्वारा संचालक कृषि को पत्र देकर स्पष्टीकरण करने की मांग की जाती रही, उसी परिप्रेक्ष्य में संचालक कृषि भोपाल ने 18/ 9/ 2025 को एक पत्र जारी करके समस्त संचालक कृषि को निर्देश दिया गया था कि कीटनाशी नियम 1971 के अनुसार कार्य करें। लेकिन स्पष्टीकरण नहीं होने से पुन: प्रदेश संगठन द्वारा निवेदन किया गया कि, इस बात को स्पष्ट रूप से लिखा जावे कि कीटनाशक नियम में प्रिंसिपल सर्टिफिकेट जोडऩे की कोई भी फीस नहीं ली जा सकती है।
इसी बात को ध्यान में रखते हुए संचालक कृषि भोपाल ने मध्य प्रदेश का समस्त उपसंचालक कृषि को पत्र जारी करते हुए स्पष्ट किया है कि कीटनाशक अधिनियम 1968 में प्रिंसिपल सर्टिफिकेट जोडऩे के लिए किसी भी प्रकार की फीस लेने का प्रावधान नहीं है तदानुसार कार्रवाई करें।
इसके बाद भी यदि किसी जिले में उप संचालक कृषि का द्वारा प्रिंसिपल सर्टिफिकेट जोडऩे की कोई भी डिमांड की जाती है तो यह जिला संगठन की कमजोरी होगी कि वह उपरोक्त निर्देशों का पालन नहीं करवा पा रहे हैं ।
प्रवक्ता संजय रघुवंशी ने अपील करते हुए कहा कि सभी जिला संगठन के पदाधिकारी उपरोक्त पत्रों की कॉपी निकालकर जिला संगठन के लेटर पैड पर पत्र लिखकर उप संचालक कृषि को प्रेषित करें एवं निर्देश निवेदन करें कि प्रिंसिपल सर्टिफिकेट जोडऩे की कोई भी फीस लेने का नहीं लेने का स्पष्ट आदेश जारी किया जा चुका है इसे जिले में लागू किया जावे।

a91fcc44 2a83 41ed b5a6 a84614ddb54e

हलधर किसान, इंदौर (श्रीकृष्ण दुबे)।

यह भी पढेंः- कृषि आदान विक्रेता संघ की बड़ी जीत, साथी एप्प में राज्यवार प्रशिक्षण के जारी किए आदेश

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *