पहले जहरीला बताकर नकारा, अब यूपी, हरियाणा गुजरात मे मूंग खरीदी को तैयार हुई सरकार

First rejected it by calling it poisonous now the government is ready to buy moong in UP Haryana and Gujarat

खुले बाजार में आधे से ज्यादा उपज बेच चुके है किसान

हलधर किसान भोपाल। सरकार ने ग्रीष्मकालीन फसल सीजन 2025-26 के लिए कई राज्यों में मूंग और मूंगफली की खरीद को मंजूरी दी है। इन फसलों की खरीद मूल्य समर्थन योजना के तहत की जाएगी। केंद्रीय कृषि और किसान कल्याण मंत्रालय ने यह जानकारी दी है।

उल्लेखनीय है कि देशभर में मूंग को जहरीला बताकर खरीदी से इंकार करने का किसानों के साथ ही विपक्षी दल खुलकर विरोध कर रहा है। सोश्यल मीडिया पर भी नाराजगी दर्ज कराई जा रही है। देर से ही सही लेकिन किसानों को कुछ हद तक फायदे की उम्मीद बंधी है। वही सरकार के तीन राज्यो में खरीदी के निर्णय के बाद मप्र में भी किसानों को उम्मीद जगी है। केंद्र सरकार ने हरियाणा, गुजरात और उत्तर प्रदेश से 54,166 टन मूंग और उत्तर प्रदेश से 50,750 टन मूंगफली खरीदने को मंजूरी दे दी है। ये खरीद न्यूनतम समर्थन मूल्य (MSP) पर की जाएगी।ये खरीद 2025-26 की गर्मियों की फसल के मौसम से संबंधित है और मूल्य समर्थन योजना (PSS) के तहत की जाएगी। PSS तब लागू किया जाता है जब बाजार की कीमतें MSP से नीचे चली जाती हैं, ताकि यह सुनिश्चित हो सके कि किसानों को उनकी उपज का उचित मूल्य मिले।कृषि मंत्री  शिवराज सिंह चौहान ने पीएसएस के तहत फसल खरीदने की योजना को मंजूरी देते हुए कहा कि इस कदम का उद्देश्य किसानों के हितों की रक्षा करना है। मंत्री ने आंध्र प्रदेश में खरीद अवधि में 15 दिन का विस्तार भी दिया, जो अब 26 जून तक जारी रहेगा।

प्रमुख दालों की 100 प्रतिशत खरीद की अवधि बढ़ाई गई

किसानों को और अधिक सहायता देने तथा घरेलू दाल उत्पादन को बढ़ावा देने के लिए सरकार ने 2024-25 के लिए पीएसएस के तहत तुअर, उड़द और मसूर उत्पादन की 100 प्रतिशत खरीद को भी मंजूरी दे दी है। आयात में कटौती करने के उद्देश्य से इस पहल को अब चार साल के लिए यानी 2028-29 तक बढ़ा दिया गया है।खरीद प्रक्रिया केंद्रीय एजेंसियों – भारतीय राष्ट्रीय कृषि सहकारी विपणन संघ (नेफेड) और भारतीय राष्ट्रीय सहकारी उपभोक्ता संघ (एनसीसीएफ) द्वारा संचालित की जाएगी।

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