सहकारी बैंक खरगोन की 77वीं वार्षिक साधारण सभा संपन्न, ₹418.41 करोड़ का बजट पारित

Khargone Cooperative Banks 77th Annual General Meeting concludes ₹418.41 crore budget passed

हलधर किसान खरगोन। जिला सहकारी केन्द्रीय बैंक मर्यादित, खरगोन की 77वीं वार्षिक साधारण सभा 12 सितंबर 2026 को कृष्णा होटल एवं रिसोर्ट में आयोजित की गई। संयुक्त आयुक्त सहकारिता एवं बैंक प्रशासक बी.एल. मकवाना के मुख्य आतिथ्य में हुई इस सभा में बैंक के वित्तीय वर्ष 2025-26 के अंकेक्षित लेखा विवरण प्रस्तुत किए गए। साथ ही वर्ष 2025-26 के स्वीकृत बजट में कम या अधिक हुए व्यय की स्वीकृति ली गई तथा वर्ष 2027-28 के लिए ₹418.41 करोड़ का बजट साधारण सभा में पारित किया गया।

सभा में बैंक की ओर से वर्ष 2025-26 के वित्तीय एवं बैंकिंग कार्यों की विस्तृत जानकारी प्रस्तुत की गई। बैंक की प्रभारी मुख्य कार्यपालन अधिकारी श्रीमती संध्या रोकड़े ने अंकेक्षित लेखा विवरण एवं बैंक की उपलब्धियों की जानकारी सदस्यों के समक्ष रखी। उन्होंने बताया कि बैंक द्वारा किसानों को सहकारी संस्थाओं और बी-पेक्स के माध्यम से कृषि ऋण उपलब्ध कराने पर विशेष जोर दिया जा रहा है। आलोच्य वर्ष में खरीफ एवं रबी सीजन के दौरान ₹3561.09 करोड़ का ऋण कृषक सदस्यों को शून्य प्रतिशत ब्याज दर पर उपलब्ध कराया गया। इससे जिले के बड़ी संख्या में किसान सदस्यों को खेती-किसानी के लिए आवश्यक वित्तीय सहायता प्राप्त हुई।

₹2753.92 करोड़ की अमानतें, बैंक पर अमानतदारों का भरोसा

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बैंक की वित्तीय स्थिति के संबंध में जानकारी देते हुए संध्या रोकड़े ने बताया कि खरगोन एवं बड़वानी जिले के अमानतदारों का जिला सहकारी बैंक के प्रति लगातार विश्वास बना हुआ है। इसी विश्वास का परिणाम है कि बैंक में ₹2753.92 करोड़ की अमानतें हैं। सहकारी बैंक के लिए यह राशि महत्वपूर्ण उपलब्धि मानी जा रही है और यह बैंक के प्रति सदस्यों एवं अमानतदारों के भरोसे को दर्शाती है।

बैंक द्वारा केवल कृषि ऋण तक ही अपनी सेवाओं को सीमित नहीं रखा गया है, बल्कि सदस्यों को पशुपालन के लिए कार्यशील पूंजी ऋण भी उपलब्ध कराया जा रहा है। इससे खेती के साथ पशुपालन को आय के अतिरिक्त साधन के रूप में अपनाने वाले किसानों को भी वित्तीय सहायता मिल रही है।

बैंक ने कमाया ₹17.59 करोड़ का शुद्ध लाभ

वित्तीय वर्ष 2025-26 में जिला सहकारी केन्द्रीय बैंक खरगोन ने ₹17.59 करोड़ का शुद्ध लाभ अर्जित किया। बैंक की ओर से बताया गया कि स्थापना वर्ष से ही बैंक लगातार सदस्य संस्थाओं को लाभांश का वितरण करता आ रहा है। इसी क्रम में इस वर्ष भी ₹299 लाख का लाभांश वितरण किया जाएगा।

बैंक प्रबंधन के अनुसार वर्तमान समय में बैंकिंग क्षेत्र में प्रतिस्पर्धा लगातार बढ़ रही है। इसे देखते हुए ग्राहकों और अमानतदारों को आधुनिक बैंकिंग सुविधाएं उपलब्ध कराने पर भी ध्यान दिया जा रहा है। बैंक द्वारा मोबाइल बैंकिंग सुविधा उपलब्ध कराई जा रही है। इसके अलावा बैंक ने स्वयं के एटीएम भी स्थापित किए हैं, जिससे ग्राहकों को बैंकिंग सेवाएं अधिक सुविधाजनक तरीके से उपलब्ध हो सकें।

37 हजार से अधिक नए कृषक बैंक से जुड़े

वार्षिक साधारण सभा को संबोधित करते हुए बैंक प्रशासक एवं संयुक्त आयुक्त सहकारिता बी.एल. मकवाना ने बैंक की प्रगति के लिए सदस्य संस्थाओं के सहयोग एवं मार्गदर्शन को महत्वपूर्ण बताया। उन्होंने कहा कि सदस्य संस्थाओं के सहयोग के कारण बैंक वर्तमान में आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर होकर लगातार प्रगति के पथ पर आगे बढ़ रहा है।

उन्होंने बताया कि आलोच्य वर्ष में 37 हजार से अधिक नए कृषकों को संस्था की सदस्यता प्रदान की गई। नए कृषकों का सहकारी संस्थाओं से जुड़ना ग्रामीण अर्थव्यवस्था और सहकारिता व्यवस्था के विस्तार की दृष्टि से महत्वपूर्ण माना जा रहा है। इससे अधिक किसानों तक सहकारी ऋण एवं अन्य बैंकिंग सुविधाओं की पहुंच बढ़ने की उम्मीद है।

उत्कृष्ट कार्य करने वाले कर्मचारियों का सम्मान

वार्षिक साधारण सभा के दौरान बैंक एवं विभिन्न संस्था कर्मचारियों को अलग-अलग गतिविधियों में उत्कृष्ट कार्य निष्पादन के लिए पुरस्कृत भी किया गया। इसके साथ ही बैंक के सेवानिवृत्त कर्मचारियों को सम्मानित कर उनके योगदान को याद किया गया।

इस अवसर पर बैंक की प्रभारी मुख्य कार्यपालन अधिकारी संध्या रोकड़े ने बैंक की प्रगति में प्रत्यक्ष एवं परोक्ष रूप से सहयोग प्रदान करने वाले सभी संस्थानों एवं हितधारकों के प्रति आभार व्यक्त किया। उन्होंने नाबार्ड, अपेक्स बैंक, जिला प्रशासन, सहकारिता विभाग, सदस्य संस्थाओं, कृषक सदस्यों एवं अमानतदारों के सहयोग के लिए धन्यवाद दिया।

सभा में उपायुक्त सहकारिता खरगोन के.आर. आवासे, सहायक आयुक्त सहकारिता बड़वानी सुश्री योगिता वर्मा, सहायक आयुक्त सहकारिता बड़वानी (न्यायिक) प्रदीप रावत, सहकारी निरीक्षक सहकारिता खरगोन भूषण जड़े सहित रविन्द्र महाजन, ललित भावसार, संजय शर्मा, ओमप्रकाश रघुवंशी, राजेश गुप्ता, रूपक असरोदिया तथा विभिन्न संस्थाओं के प्रशासक एवं प्रबंधक उपस्थित रहे।

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