हलधर किसान इंदौर। जागरूक कृषि आदान विक्रेता संघ जिला इंदौर के प्रतिनिधिमंडल ने जिला अध्यक्ष श्री कृष्णा दुबे एवं सचिव श्री जितेंद्र जैन के नेतृत्व में नवनियुक्त उप संचालक कृषि, जिला इंदौर श्री त्रिलोक जी वास्कले से मुलाकात की। इस अवसर पर संगठन की ओर से उनका पुष्पमाला, पुष्पगुच्छ एवं मिठाई खिलाकर स्वागत किया गया तथा नई जिम्मेदारी के लिए शुभकामनाएं प्रेषित की गईं। प्रतिनिधिमंडल ने उम्मीद जताई कि कृषि विभाग और कृषि आदान विक्रेताओं के बीच बेहतर समन्वय के माध्यम से किसानों तक गुणवत्तापूर्ण कृषि आदान पहुंचाने की व्यवस्था को और मजबूत किया जा सकेगा।

बैठक के दौरान कृषि आदान विक्रेता संघ के पदाधिकारियों ने विभागीय अधिकारियों के साथ कृषि आदान व्यापार से जुड़े विभिन्न विषयों पर चर्चा की। जिला अध्यक्ष श्री कृष्णा दुबे ने उप संचालक कृषि श्री त्रिलोक जी वास्कले को कृषि आदान व्यापार से जुड़े विक्रेताओं के सामने आने वाली कठिनाइयों एवं व्यावहारिक परेशानियों से अवगत कराया। उन्होंने कहा कि कृषि आदान विक्रेता किसान और कृषि विभाग के बीच महत्वपूर्ण कड़ी के रूप में कार्य करते हैं। किसानों को समय पर बीज, उर्वरक, कीटनाशक एवं अन्य आवश्यक कृषि आदान उपलब्ध कराने में विक्रेताओं की महत्वपूर्ण भूमिका रहती है। ऐसे में व्यापार से संबंधित प्रक्रियाओं और विभागीय व्यवस्थाओं में व्यावहारिकता एवं स्पष्टता रहना आवश्यक है।
संघ की ओर से बताया गया कि कृषि आदान विक्रेताओं को अपने दैनिक व्यापार के दौरान विभिन्न विभागीय प्रक्रियाओं, नियमों, दस्तावेजों और अन्य व्यवस्थाओं से होकर गुजरना पड़ता है। कई बार नियमों की जानकारी, प्रक्रिया को समझने तथा समय पर आवश्यक कार्यवाही करने में व्यापारियों को कठिनाइयों का सामना करना पड़ता है। इन विषयों को लेकर संगठन लगातार अपने सदस्यों की समस्याओं को संबंधित विभाग के समक्ष रखने का प्रयास करता रहा है।

बैठक में संगठन के जिला अध्यक्ष श्री कृष्णा दुबे ने कहा कि कृषि आदान विक्रेता किसानों की जरूरतों को ध्यान में रखते हुए अपना व्यवसाय संचालित करते हैं। किसानों को बुआई के समय गुणवत्तापूर्ण कृषि आदान समय पर उपलब्ध हो, यह व्यापारी वर्ग की भी प्राथमिकता है। इसके लिए विभाग और विक्रेताओं के बीच नियमित संवाद एवं बेहतर तालमेल आवश्यक है। उन्होंने उप संचालक कृषि से आग्रह किया कि व्यापारियों की व्यावहारिक समस्याओं को भी विभागीय स्तर पर समझते हुए आवश्यक सहयोग और मार्गदर्शन उपलब्ध कराया जाए।
इस अवसर पर उप संचालक कृषि श्री त्रिलोक जी वास्कले ने भी कृषि आदान विक्रेताओं की भूमिका को लेकर चर्चा की। उन्होंने संगठन के पदाधिकारियों की ओर से रखे गए विषयों को सुना तथा विभाग की ओर से कृषि आदान व्यापारियों एवं संगठन को नियमानुसार उचित सहयोग प्रदान करने की बात कही। उन्होंने कहा कि कृषि विभाग और कृषि आदान विक्रेताओं के बीच समन्वय बना रहना आवश्यक है, ताकि किसानों को कृषि कार्यों के लिए आवश्यक सामग्री एवं जानकारी उपलब्ध कराने में किसी प्रकार की अनावश्यक परेशानी न हो।
बैठक में कृषि आदान विक्रेता संघ की ओर से यह भी संकेत दिया गया कि संगठन भविष्य में भी विभागीय अधिकारियों के साथ संवाद बनाए रखेगा और व्यापारियों से जुड़े विषयों को उचित माध्यम से सामने रखेगा। संगठन का उद्देश्य कृषि आदान विक्रेताओं की समस्याओं को एकजुट होकर विभाग तक पहुंचाने के साथ-साथ किसानों के हित में विभाग और व्यापारी वर्ग के बीच बेहतर समन्वय स्थापित करना है।
जिला अध्यक्ष श्री कृष्णा दुबे ने कहा कि कृषि क्षेत्र में किसानों की सफलता के लिए केवल खेत स्तर पर ही नहीं, बल्कि कृषि आदान की उपलब्धता और वितरण व्यवस्था का भी महत्वपूर्ण योगदान है। किसान को सही समय पर सही कृषि आदान उपलब्ध हो, इसके लिए विक्रेता, कृषि विभाग और किसानों के बीच विश्वास एवं सहयोग की आवश्यकता है। उन्होंने कहा कि संगठन सकारात्मक संवाद के माध्यम से व्यापारियों की समस्याओं के समाधान की दिशा में लगातार प्रयास करता रहेगा।
स्वागत एवं परिचय के बाद हुई इस बैठक को संगठन की दृष्टि से महत्वपूर्ण माना गया। संगठन ने उम्मीद जताई कि उप संचालक कृषि श्री त्रिलोक जी वास्कले के साथ आगामी समय में भी कृषि आदान विक्रेताओं से जुड़े विषयों पर संवाद जारी रहेगा और विभागीय स्तर पर आवश्यक मार्गदर्शन एवं सहयोग प्राप्त होगा।
इस अवसर पर जागरूक कृषि आदान विक्रेता संघ जिला इंदौर के अध्यक्ष श्री कृष्णा दुबे, सचिव श्री जितेंद्र जैन, पदाधिकारी श्री भरत खत्री, श्री सूरज गुप्ता एवं श्री किशोर पुरानी सहित अन्य प्रतिनिधि उपस्थित रहे। संगठन के पदाधिकारियों ने नवनियुक्त उप संचालक कृषि को शुभकामनाएं देते हुए कृषि विभाग एवं कृषि आदान विक्रेता समुदाय के बीच बेहतर समन्वय की अपेक्षा व्यक्त की।
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