राज्य सरकारों और केंद्र सरकार से संबंधित मुद्दों पर गहराई और गंभीरता से विचार करने का दिया भरोसा
हलधर किसान खरगोन। केंद्रीय कृषि एवं किसान कल्याण मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने किसान और किसान संगठनों से सोमवार को नई दिल्ली में संवाद किया। किसान महापंचायत के प्रमुख और उनके संघ के अलग.अलग राज्यों के अनेकों किसान प्रतिनिधियों व किसानों का मंत्री चौहान ने स्वागत किया। किसान संगठनों ने कई महत्वपूर्ण विषयों पर चर्चा की व सुझाव दिये।
श्री चौहान ने बताया कि किसान महापंचायत के प्रमुख रामपाल सिंह और उनके संघ के अलग.अलग राज्यों के अनेकों किसान प्रतिनिधियों से बहुत सार्थक चर्चा हुई। हमने कई चीजों का गहराई से अध्ययन किया है। किसानों से चर्चा के दौरान राज्य सरकारों और केंद्र सरकार से संबंधित मुद्दे सामने आये हैं, उन पर गहराई और गंभीरता से विचार करेंगे। कृषि मंत्री होने के नाते मैं पूरा प्रयत्न करूंगा कि किसान कैसे आगे बढ़ें व कृषि क्षेत्र की हालत कैसे ठीक हो।

उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी किसान हितैषी हैं। किसानों के साथ संवाद उनकी समस्याओं को समझने में बहुत मदद करता है। किसान महापंचायत के प्रमुख रामपाल सिंह ने कहा कि किसान के लिए काम हो। किसानों ने अनेकों सार्थक मुद्दे उठाये हैं। किसानों के हित में पिछले दिनों लगातार अनेकों फैसले किये गये हैं जैसे कृषि विकास योजना में लचीलापन. इसमें प्रावधान किया है कि जिस राज्य के लिए जो योजना उपयुक्त हो वह वहीं काम करे। ऐसी कई चीजों पर काम हुए हैं और ऐसी कई चीजों पर काम होने की आवश्यकता है। किसानों ने फसल बीमा योजना सहित कई चीजों की तरफ ध्यान आकर्षित किया है। हम पूरी गंभीरता से इन समस्याओं के समाधान का प्रयत्न करेंगे। मीडिया के सवाल का जवाब देते हुए कहा कि फसल बीमा का क्लेम लेने में ऐसी कोई बाध्यता नहीं है ऋणी और अऋणी किसानों में सवैच्छिक हो। कई बार यह देखने में आया है कि स्वैछिक नहीं है तो उसे भी इस योजना के अन्तर्गत लाया जाता है आदि कई चीजों पर चर्चा हुई है।
ये खबरें भी पड़े –
- लखनऊ कृषि सम्मेलन: क्षेत्रीय रणनीति से बदलेगी खेती की तस्वीर, दलहन-तिलहन व किसान आय पर बड़ा फोकस
- पुष्कल एग्रोटेक लिमिटेड के नए स्टोर की सौगात, 100 से अधिक किसानों ने की सहभागिता
- लखनऊ में जुटेगा उत्तर भारत का कृषि मंथन, 24 अप्रैल को बनेगा खेती का नया रोडमैप
- 27 अप्रैल को देशभर में खाद-बीज व्यापारियों की सांकेतिक हड़ताल, महाराष्ट्र के समर्थन में एकजुट हुआ संगठन
- भीमावरम एक्वाकल्चर क्लस्टर की समीक्षा: तकनीक, निर्यात और किसानों की आय बढ़ाने पर फोकस
