उज्जैन में 7 जून को कृषि आदान विक्रेताओं का महाकुंभ, प्रदेशभर से पदाधिकारियों को एकजुट होने का आह्वान

Mahakumbh of agricultural input dealers in Ujjain on June 7

हलधर किसान उज्जैन। मध्य प्रदेश कृषि आदान विक्रेता संघ, भोपाल द्वारा 7 जून को बाबा महाकाल की पावन नगरी उज्जैन में आयोजित होने वाली वार्षिक साधारण सभा को लेकर प्रदेशभर के कृषि आदान विक्रेताओं और संगठन पदाधिकारियों में उत्साह का माहौल है। संगठन के पदाधिकारी लगातार विभिन्न जिलों के सदस्यों से संपर्क कर अधिक से अधिक संख्या में सम्मेलन में भाग लेने का आग्रह कर रहे हैं। इस महत्वपूर्ण आयोजन को प्रदेश के कृषि आदान व्यापारियों के लिए एक बड़े मिलन समारोह के रूप में देखा जा रहा है।

संघ के प्रदेश पदाधिकारियों का मानना है कि यह कार्यक्रम केवल एक औपचारिक बैठक नहीं, बल्कि पूरे प्रदेश के कृषि आदान विक्रेताओं को एक मंच पर लाने का अवसर है। वर्तमान में अधिकांश संवाद डिजिटल माध्यमों और सोशल मीडिया समूहों तक सीमित रहते हैं, लेकिन इस सम्मेलन के माध्यम से विभिन्न जिलों के पदाधिकारी एवं व्यापारी आमने-सामने मिलकर अपने अनुभव साझा कर सकेंगे। इससे संगठनात्मक एकता को मजबूती मिलने के साथ-साथ व्यापार से जुड़ी समस्याओं और चुनौतियों पर भी गंभीर चर्चा हो सकेगी।

कार्यक्रम को सफल बनाने के लिए संगठन के वरिष्ठ पदाधिकारियों द्वारा लगातार अपील की जा रही है कि सदस्य किसी भी प्रकार की दुविधा या संकोच छोड़कर उज्जैन पहुंचें। उनका कहना है कि संगठन की मजबूती प्रत्येक सदस्य की सक्रिय भागीदारी पर निर्भर करती है। यदि व्यापारी एकजुट होकर अपनी बात रखते हैं, तो शासन और प्रशासन के समक्ष उनकी समस्याओं का प्रभावी समाधान निकालना अधिक आसान हो जाता है।

वार्षिक साधारण सभा का आयोजन उज्जैन स्थित सॉलिटेयर होटल, जंतर-मंतर रोड पर किया जाएगा। कार्यक्रम का शुभारंभ सुबह 10 बजे से होगा। इसमें प्रदेश के सभी जिलों के पदाधिकारी, प्रतिनिधि और कृषि आदान व्यवसाय से जुड़े व्यापारी शामिल होंगे। आयोजन समिति ने सभी आगंतुकों के स्वागत की तैयारियां पूर्ण कर ली हैं।

संघ के पदाधिकारियों का कहना है कि कई बार व्यापारी यह सोचकर ऐसे आयोजनों से दूर रहते हैं कि एक दिन व्यापार बंद रखने से आर्थिक नुकसान होगा। हालांकि संगठन का मत है कि ऐसे सम्मेलन में प्राप्त जानकारी, संपर्क और अनुभव भविष्य में व्यापार को अधिक मजबूत बनाने में सहायक सिद्ध होते हैं। एक दिन का समय संगठन को देने से दीर्घकाल में व्यापारियों को कई गुना लाभ प्राप्त हो सकता है।

सम्मेलन के प्रति उत्साह बढ़ाने के लिए संगठन के उपाध्यक्ष श्री कृष्णा दुबे ने अपने पूर्व अनुभव भी साझा किए हैं। उन्होंने बताया कि कुछ वर्ष पूर्व गुजरात के गांधीनगर में आयोजित कृषि आदान व्यापारियों के विशाल सम्मेलन में शामिल होने का अवसर मिला था। उस कार्यक्रम में हजारों व्यापारियों ने भाग लिया था और पूरे दिन अपने प्रतिष्ठान बंद रखकर संगठनात्मक एकता का परिचय दिया था। वहां की अनुशासित व्यवस्था और व्यापारियों की एकजुटता ने उन्हें गहराई से प्रभावित किया था।

उन्होंने कहा कि देश के कई राज्यों में कृषि आदान विक्रेताओं के संगठन मजबूत स्थिति में हैं और बड़ी संख्या में सदस्य संगठनात्मक गतिविधियों में सक्रिय भागीदारी निभाते हैं। मध्य प्रदेश में भी ऐसी ही मजबूत एकता स्थापित करने का समय आ गया है। यदि प्रदेश के विभिन्न जिलों से बड़ी संख्या में व्यापारी उज्जैन पहुंचते हैं, तो यह संगठन के इतिहास में एक महत्वपूर्ण अध्याय साबित हो सकता है।

सम्मेलन के दौरान कृषि आदान व्यापार से जुड़े विभिन्न विषयों पर चर्चा होने की संभावना है। इनमें व्यापारिक चुनौतियां, शासकीय नीतियां, लाइसेंस संबंधी विषय, बीज, उर्वरक एवं कीटनाशक व्यवसाय से जुड़े मुद्दे तथा संगठन के भविष्य के कार्यक्रम शामिल रहेंगे। इसके अलावा प्रदेशभर से आए प्रतिनिधियों के बीच विचार-विमर्श और अनुभवों का आदान-प्रदान भी कार्यक्रम का प्रमुख आकर्षण रहेगा।

Krashi aadan vikreta sangh indore 01

संगठन पदाधिकारियों ने विश्वास व्यक्त किया है कि महाकाल की नगरी उज्जैन में आयोजित यह सम्मेलन प्रदेश के कृषि आदान व्यापारियों के लिए नई ऊर्जा और नई दिशा प्रदान करेगा। साथ ही संगठनात्मक एकजुटता को मजबूत बनाने में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा। प्रदेशभर के सदस्यों से अपील की गई है कि वे इस अवसर का लाभ उठाते हुए सम्मेलन में अपनी उपस्थिति दर्ज कराएं और संगठन को सशक्त बनाने में सहयोग दें।

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